Category: ग्रह

AkashVani Astrology Post

108 का रहस्य !

(The Mystery of 108) वेदान्त में एक मात्रकविहीन सार्वभौमिक ध्रुवांक 108 का उल्लेख मिलता है जिसका हजारों वर्षों पूर्व हमारे ऋषियों (वैज्ञानिकों) ने अविष्कार किया था l 108 = ॐ (जो पूर्णता का द्योतक...

AkashVani Astrology Post

16 सिद्धियां

16 सिद्धियां सुना तो है पर होती क्या हैं? वाक सिद्धि जो भी वचन बोले जाए वे व्यवहार में पूर्ण हो, वह वचन कभी व्यर्थ न जाये, प्रत्येक शब्द का महत्वपूर्ण अर्थ हो, वाक्...

AkashVani Astrology Post

ग्रह दशा

कुछ ऐसे संकेतों के बारे में जानें जो यदि आपमें प्रकट हो रहे हैं तो समझें आपकी ग्रह दशा बिगड़ रही है पैर हिलाना यदि अचानक पैर हिलाने की आदत बढ़ रही है या...

Rahu

राहु और बिजली

कड़कती बिजली के रूप में कुपित राहु साधारण रातों में चलने वाली हवा में होने वाली साएं-साएं – राहु है । लेकिन हवा प्रबल हो जाये और तूफान बन जाये तो उसमें कड़कती बिजली...

Shani Saturn

शनि की साढे साती

ज्योतिष के अनुसार शनि की साढेसाती की मान्यतायें तीन प्रकार से होती हैं। पहली लगन से दूसरी चन्द्र लगन या राशि से और तीसरी सूर्य लगन से, उत्तर भारत में चन्द्र लगन से शनि...

Shani Saturn

शनि देवता के गोचर भ्रमण से जनमानस पर क्या प्रभाव पड़ता है?

जब शनि लग्न में गोचर कर रहे हों तो उनके दृष्टि क्षेत्र में तीसरा भाव प्रभावित हो जता है। तीसरे भाव छोटे भाई-बहिन, पराक्रम व छोटी यात्रा का होता हैं। तीसरे भाव का दिशाक्रम...

Shani Saturn

शनि साढ़े साती के चरण परिचय

शनि साढेसाती में शनि तीन राशियों पर गोचर करते है शनि साढेसाती में शनि तीन राशियों पर गोचर करते है. तीन राशियों पर शनि के गोचर को साढेसाती  के तीन चरण के नाम से...

AkashVani Astrology Post

सुदर्शन चक्र

एक केंद्र बिंदु से तीन वृत्त बनाकर उसमें तुल्य भाग से 12 रेखाएं खींचने पर सुदर्शन चक्र बनता है, इस चक्र को बनाने के लिए हमे तीन प्रकार की कुंडलियों की जरूरत पड़ती है:-...

Shani Saturn

द्वादश भावों मे शनि का फल

जन्म कुंडली के बारह भावों मे जन्म के समय शनि अपनी गति जन्म कुंडली के बारह भावों मे जन्म के समय शनि अपनी गति और जातक को दिये जाने वाले फ़लों के प्रति भावानुसार...

AkashVani Santan Yog

प्रत्येक स्त्री का स्वप्न होता है – ‘माँ ‘ बनना !

गर्भधारण करने के पश्चात तो स्त्री में यह जिज्ञासा ओर भी प्रबल हो जाती है कि पुत्र होगा अथवा पुत्री ! यों तो गर्भ में पुत्र/पुत्री जानने हेतु डाॅक्टरी उपकरण(अल्ट्रा साऊंड आदि) की सहायता...